अनिल अंबानी के पास आखिरी मौका, और सख्त हुआ सुप्रीम कोर्ट; बैंकिंग धोखाधड़ी केस में भेजा नोटिस

By Ashish Pandey

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“सुप्रीम कोर्ट ने अनिल अंबानी और अनिल धीरूभाई अंबानी ग्रुप (ADAG) को बड़े पैमाने पर बैंकिंग एवं कॉर्पोरेट फ्रॉड के आरोप में अंतिम नोटिस जारी किया है। CBI और ED से 10 दिनों में सीलबंद स्टेटस रिपोर्ट मांगी गई है, जबकि याचिका में 1.5 लाख करोड़ रुपये के घोटाले का दावा किया गया है, जो भारत के इतिहास का सबसे बड़ा कॉर्पोरेट फ्रॉड माना जा रहा है। जांच एजेंसियां बैंक अधिकारियों की मिलीभगत की जांच नहीं कर रही हैं, जिस पर कोर्ट ने सख्ती दिखाई है।”

सुप्रीम कोर्ट ने अनिल अंबानी और ADAG को जनहित याचिका पर नए नोटिस जारी किए हैं, जिसमें कंपनी और समूह की इकाइयों पर सार्वजनिक धन के दुरुपयोग, वित्तीय विवरणों में हेराफेरी और फंड डायवर्जन के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। jagran.com मुख्य न्यायाधीश सूर्य कांत और न्यायमूर्ति जयमाल्य बागची की पीठ ने इसे “आखिरी मौका” बताते हुए बॉम्बे हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल को नोटिस पहुंचाने की जिम्मेदारी सौंपी है। bhaskar.com याचिका में दावा किया गया है कि धोखाधड़ी 2007-08 से चल रही है, लेकिन CBI की FIR केवल 2025 में दर्ज हुई। livehindustan.com

मामला क्या है?

जनहित याचिका पूर्व आईएएस ई.ए.एस. सरमा ने दायर की है, जिसमें ADAG की कंपनियों पर बैंकिंग फ्रॉड का आरोप है। angelone.in याचिकाकर्ता के वकील प्रशांत भूषण ने कोर्ट में इसे “भारत के इतिहास का सबसे बड़ा कॉर्पोरेट फ्रॉड” करार दिया, जहां फंड्स को ग्रुप की अन्य इकाइयों में डायवर्ट किया गया। hindi.livelaw.in जांच एजेंसियां केवल छोटे हिस्से पर फोकस कर रही हैं, जबकि बैंक अधिकारियों की भूमिका की जांच नहीं हो रही। timesnowhindi.com सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने CBI और ED की ओर से स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने के लिए समय मांगा। amarujala.com

See also  क्या है 30 Days Rule, कैसे हो जाती है हजारों रुपयों की बचत? "30 Days Rule एक सरल वित्तीय रणनीति है जो आवेगी खरीदारी को रोककर हजारों रुपये की बचत कराती है। इसमें गैर-जरूरी वस्तुओं की खरीद से पहले 30 दिनों का इंतजार किया जाता है, जिससे अधिकांश मामलों में खरीद की इच्छा कम हो जाती है। भारतीय बाजार में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स जैसे Amazon और Flipkart पर लगातार छूट के कारण यह नियम विशेष रूप से प्रभावी है, जहां औसतन 40-50% आवेगी खरीदारी से बचत संभव है।"

मुख्य आरोप

फंड डायवर्जन : ED की जांच में पाया गया कि लोन अप्रूवल प्रक्रिया में गड़बड़ियां थीं, जैसे लोन आवेदन, अप्रूवल और डिस्बर्समेंट एक ही दिन में हो जाना। money9live.com फील्ड चेक और मीटिंग्स को स्किप किया गया, जबकि दस्तावेज ब्लैंक या बिना तारीख के मिले।

बैंक अधिकारियों की मिलीभगत : याचिका में आरोप है कि बैंक अधिकारी फंड डायवर्ट करने में शामिल थे, लेकिन CBI-ED इस एंगल से जांच नहीं कर रही। hindi.business-standard.com

वित्तीय हेराफेरी : ADAG की कंपनियां सार्वजनिक धन का व्यवस्थित दुरुपयोग कर रही थीं, जिसमें वित्तीय स्टेटमेंट्स को गलत तरीके से तैयार करना शामिल है। youtube.com

NPA और नुकसान : 2017-2019 के बीच यस बैंक ने RHFL में 2,965 करोड़ और RCFL में 2,045 करोड़ निवेश किया, जो बाद में NPA बन गया, जिससे बैंक को 2,700 करोड़ से अधिक का नुकसान हुआ। bhaskar.com

कोर्ट की कार्रवाई

पीठ ने CBI और ED को 10 दिनों में सीलबंद रिपोर्ट दाखिल करने का आदेश दिया, जिसमें बैंक अधिकारियों की जांच की स्थिति भी शामिल हो। instagram.com पहले नवंबर में नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन अब इसे अंतिम चेतावनी माना गया है। amarujala.com याचिका की अगली सुनवाई तीन सप्ताह बाद होगी। @Hbarandbench कोर्ट ने PMLA की धारा 5(1) के तहत ED की कार्रवाई को भी नोट किया, जहां 31 अक्टूबर को अटैचमेंट ऑर्डर जारी हुए। bhaskar.com

शामिल कंपनियां और राशि

ADAG की कई कंपनियां शामिल हैं, जिनमें रिलायंस कम्युनिकेशंस (RCOM), रिलायंस होम फाइनेंस लिमिटेड (RHFL), रिलायंस कैपिटल फाइनेंस लिमिटेड (RCFL), रिलायंस इन्फ्रास्ट्रक्चर, रिलायंस पावर और रिलायंस वैल्यू सर्विसेज प्रमुख हैं। jansatta.com ED ने 10,117 करोड़ की संपत्तियां जब्त कीं, जिसमें मुंबई का रिलायंस सेंटर, फिक्स्ड डिपॉजिट्स, बैंक बैलेंस और अनलिस्टेड निवेश शामिल हैं। rajdhaniupdate.com कुल आरोपित घोटाले की राशि 1.5 लाख करोड़ रुपये है। bhaskar.com

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रिलायंसइन्फ्रास्ट्रक्चर7अज्ञातमुंबईस्थितसंपत्तियांफ्रीज
रिलायंसपावर2अज्ञातफिक्स्डडिपॉजिट्सअटैच
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अन्य(रिलायंसवेंचर,फाईमैनेजमेंट)विविध10,117कुलअनलिस्टेडनिवेशफ्रीज

## जांच एजेंसियों की भूमिका

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Ashish Pandey

My name is Ashish Pandey, I work as a content writer and I love to write articles. With 4 years of blogging experience I am always ready to inspire others and share knowledge to make them a successful blogger.

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